अनिल विज ने कहा भाजपा ने उन्हें बच्चे होते सिखाया ‘डोन्ट डिजायर बट डिजर्व’

अनिल विज ने कहा भाजपा ने उन्हें बच्चे होते सिखाया ‘डोन्ट डिजायर बट डिजर्व’: हरियाणा के पूर्व गृह मंत्री और हरियाणा के पहले ऐसे सातवीं बार के विधायक जो लगातार तीसरी बार कैबिनेट मंत्री हैं ने कहा कि जब मुख्यमंत्री का फैसला हो रहा होता है तब भी वह अंबाला छावनी में अपने लोगों के बीच होते हैं

अनिल विज ने कहा कि आज तक मैंने कोई इच्छा नहीं रखी, आज तक मैंने किसी से कुछ मांगा नहीं’’

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अंबाला। (ज्योतिकण): हरियाणा के पूर्व गृह मंत्री एवं वर्तमान बिजली, परिवहन एवं श्रम मंत्री अनिल विज ने कैथल में शिकायत निवारण कमेटी की बैठक खत्म होने के बाद डीसी कैथल व एसपी कैथल सहित तमाम अधिकारियों व भाजपा कार्यकर्ताओं व जनता की मौजूदगी में कहा कि आज तक मैंने कोई इच्छा नहीं रखी, आज तक मैंने किसी से कुछ मांगा नहीं।

जब चुनाव होते हैं तो नेता टिकट लेने दिल्ली जाते हैं लेकिन अनिल विज हमेशा अपने छावनी के लोगों के बीच रहता है और पार्टी उनकी काब्लियत के आधार पर उनकी टिकट घर भेजती है।

अनिल विज यहीं नहीं रूके, अनिल विज ने कहा कि विधायक बनने के बाद कोई मंत्री बनने की इच्छा से दिल्ली जाता है कोई मंत्री बनने के बाद अच्छे विभाग के लिए दिल्ली जाता है लेकिन अनिल विज कभी दिल्ली नहीं गया। हरियाणा के पूर्व गृह मंत्री और हरियाणा के पहले ऐसे सातवीं बार के विधायक जो लगातार तीसरी बार कैबिनेट मंत्री हैं ने कहा कि जब मुख्यमंत्री का फैसला हो रहा होता है तब भी वह अंबाला छावनी में अपने लोगों के बीच होते हैं।

अनिल विज ने कहा वह 2014 में भी सबसे सीनियर थे और आज भी सबसे सीनियर विधायक हैं उन्होंने कहा कि जब हरियाणा में मुख्यमंत्री का फैसला लिया जा रहा था उस वक्त भी वह बैठक में नहीं थे वह किसी भी पोस्ट को या मंत्री पद को मांगने नहीं गए जबकि मुख्यमंत्री बनने के लिए कई विधायक दिल्ली में हाजिरी भर रहे थे।

पूर्व गृह मंत्री एवं वर्तमान बिजली, परिवहन एवं श्रम मंत्री अनिल विज ने कहा कि मेरी पार्टी भाजपा है उसने जो मुझे संस्कार दिए हैं वही मेरे लिए सर्वोपरि है। अनिल विज ने कहा कि मैं जिस पार्टी का सदस्य हूं उसने सिखाया ‘डोन्ट डिजायर बट डिजर्व’ और हमें यह बात उस वक्त सिखाई गई जब हम बच्चे थे हमारे दिमाग में वह बात तब से छपी हुई है।

अब वह मिटाया नहीं जा सकता और अनिल विज ने कहा कि मैं उसी नीति पर चल रहा हूं। ज्ञात रहे कोई अनिल विज को जिद्दी, कोई गुस्सेवाला, कोई गब्बर कहता है लेकिन अनिल विज सही मायनों में हरियाणा के ऐसे राजनेता हैं जिनके लिए कुर्सी, मंत्री पद सिर्फ जनता को समर्पित हैं और उनके लिए नर सेवा नारायण सेवा है।